भारतीय खुफिया एजेंसी रॉ (RAW) से जुड़े 23 रोचक तथ्य | 23 Amazing Facts About RAW

भारतीय खुफिया एजेंसी रॉ (RAW) से जुड़े 23 रोचक तथ्य | 23 Amazing Facts About RAW


भारतीय खुफिया एजेंसी रॉ (RAW) से जुड़े 23 रोचक तथ्य | 23 Amazing Facts About RAW


 खुफिया एजेंसियां किसी भी देश की सुरक्षा में अपना एक अलग महत्व रखती हैं. भारतीय खुफिया एजेंसी रॉ (RAW) हैं|रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (RAW) भारत का सबसे गोपनीय खुफिया विभाग है। 1962 और 1965 के युद्ध के बाद 1968 में इसका गठन हुआ और तब से यह विदेशी और घरेलू मामलों, आंतकवाद का मुकाबला करने में कार्यरत है।
बीते कुछ सालों से यह ख़ुफ़िया विभाग चर्चा में नहीं रहा है। इसके बारे में कभी-कभार ही खबरों में कुछ सुनने को मिलता है।  अगर आपने इस एजेंसी के बारे में खबरों में या कहीं और ज़्यादा कुछ नहीं सुना है, तो आप इससे अंदाज़ा लगा सकते है कि यह वास्तव में कितना गुप्त है।लेकिन आइए आज हम आपको इससे जुड़े रोचक तथ्यों से अवगत कराते है

भारतीय खुफिया एजेंसी रॉ (RAW) से जुड़े 23 रोचक तथ्य | 23 Amazing Facts About RAW


1.  एजेंसी का गठन 1968 में भारत के बेहतरीन गुप्तचर विशेषज्ञों में से एक, रामेश्वर नाथ काव के नेतृत्व में किया गया।

2.  रॉ(RAW) में ड्यूटी पर तैनात अधिकारी को बंदूक नहीं मिलती।बचाव के लिए ये अपनी तेज बुद्धि का इस्तेमाल करते हैं.

3.  रॉ(RAW) ने सिक्किम के भारत में विलय होने में एक प्रमुख भूमिका निभाई।

4.    ऐसा माना जाता है कि रॉ हाल ही में चुनावों के दौरान श्रीलंका में सत्ता परिवर्तन के लिए एक मिशन पर था और वह मिशन पूरा भी हुआ।

5.  अगर एक पुलिसवाला रॉ में आना चाहता है, तो उसका पुलिस रिकॉर्ड बेदाग होना बेहद ज़रूरी है।


6.  रॉ(RAW) पिछले एक दशक में संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा से प्रत्याशियों का चुनाव कर रहा है।

 7.  यहां तक कि रचनात्मक क्षेत्रों के लोग भी रॉ(RAW) में शामिल हो सकते हैं।

8.  रॉ(RAW) पर RTI नही डाल सकते, क्योंकि यह देश की सुरक्षा का मामला हैं.

9.  रॉ में शामिल होने के लिए आपके माता-पिता का भारतीय होने जरूरी हैं.

10. रॉ(RAW) का सिद्धांत ‘धर्मो रक्षति रक्षितः’ है, जिसका मतलब है कि जो शख्स धर्म की रक्षा करता है वह हमेशा सुरक्षित रहता हैं.

11. रॉ सीधी अपनी रिपोर्ट प्रधानमंत्री को भेजती है. इसके डायरेक्टर का चुनाव, सेक्रेटरी द्वारा होता हैं.

12. ऐसे प्रत्याशी जिनका चुनाव रक्षा बलों से हुआ हो उन्हें इसमें शामिल होने से पहले अपने मूल विभाग से इस्तीफा देना आवश्यक हैं.

13. मिशन पूरा होने के बाद, अधिकारी को अनुमति होती है कि वह अपने मूल विभाग में वापस शामिल हो सकते हैं।

14. सिक्किम को भारत में शामिल करने का श्रेय भी बहुत हद तक रॉ को जाता हैं। रॉ ने वहां के नागरिकों को भारत समर्थक (प्रो इंडियन) बनाने में अहम भूमिका निभाई.

15. यह एक डेस्क में बैठकर काम करने वाली नौकरी नहीं है। आप किसी मिशन पर हो, तो पूरी सम्भावना है कि आपके परिवार को भी नहीं पता होगा कि आप कहाँ हैं.

16. चीनी, अफगानी या किसी दूसरी भाषा का ज्ञान आपको दूसरो से ऊपर खड़ा करता हैं.


17. भारत की खुफिया एजेंसी अपने आप ही आप तक पहुंचेगी। उन्हें खोजने की कोशिश मत करिए.

18. एक जासूस के राज़ उसकी मौत के साथ ही दफन हो जाते हैं। यहां तक कि उसकी पत्नी को तक नहीं पता होता कि उसका पति एक रॉ एजेंट हैं.

19. एक रॉ(RAW) जासूस की ज़िन्दगी, फिल्मों में दर्शाई गई जासूस की ज़िन्दगी से कहीं से भी मेल नहीं खाती. लेकिन जासूसी में अव्वल होते हैं.

20. भारत के परमाणु कार्यक्रम को गोपनीय रखना रॉ(RAW) की जिम्मेदारी थी.

 21. रॉ का गठन अमेरिकी के सीआईए की तर्ज पर ही किया गया हैं। इसके ऑफिशल्स को अमेरिका, यूके और इजरायल में ट्रेनिंग ली जाती हैं.

22. रॉ(RAW) में शामिल होने का सबसे अच्छा तरीका हैं UPSC पास करो और IPS या IFS पद पर कार्यरत हो जाओ.

23. यदि रॉ का एजेंट देश की सेवा करते हुए दुश्मन देश में पकड़ा जाए तो अपने देश की सरकार ही उनसे पल्ला झाड़ लेती है, उनकी किसी तरह की कोई सहायता नहीं करती हैं। और अंत में जब उनकी दुशमन देश में मौत हो जाती है तो उनको अपने वतन की मिट्टी तक नसीब नहीं होती हैं।

24. RAW का उद्देस्य- धर्मो रक्षति रक्षित:
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